मुख्य अभियंता का निर्देश, पीएमजीएसवाई अंतर्गत पूर्ण पथों के उन्नयन कार्य शीघ्र करें

पटना। ग्रामीण कार्य विभाग, बिहार के कार्यपालक अभियंताओं को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य अभियंता-सह-अपर आयुक्त-सह-विशेष सचिव ई. निर्मल कुमार ने सभी कार्य प्रमंडलों के कार्यपालक अभियंताओं को पत्र जारी कर प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGGSY) अंतर्गत पूर्ण पथों का पोस्ट डीएलपी अनुरक्षण/उन्नयन कार्य शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए हैं।
पत्र में स्पष्ट किया गया है कि ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा उपलब्ध कराई गई इंसेंटिव राशि से यह कार्य संपादित किया जाना है।
मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:
182 पथों का उन्नयन कार्य (401.804 कि.मी.)
वित्तीय वर्ष 2024-25 में पीएमजीएसवाई की पांच वर्षीय अनुरक्षण अवधि से बाहर हो चुके कुल 182 पथों को पोस्ट 5-ईयर मॉड्यूल में कार्यों के भुगतान हेतु उपयुक्त पाया गया है। इन पथों का डीपीआर अब मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क सुदृढ़ीकरण एवं प्रबंधन कार्यक्रम के अंतर्गत तैयार किया जाएगा। पूर्व के निर्देशों में संशोधन किया गया है।
75 पथों का डीएलपी प्रमाणन लंबित (154.143 कि.मी.)
75 पथ ऐसे हैं जिनकी डीएलपी (Defect Liability Period) अवधि समाप्त नहीं हुई है, लेकिन भुगतान लंबित होने के कारण ईमार्ग पोर्टल पर डीएलपी कंपलीशन सर्टिफिकेट जनरेट नहीं हुआ है। निर्देश दिया गया है कि इन पथों का भुगतान नियमानुसार कर सात दिनों के भीतर कंपलीशन सर्टिफिकेट तैयार कराना सुनिश्चित किया जाए। तत्पश्चात इनका डीपीआर मुख्यमंत्री योजना के तहत तैयार कराया जाएगा।
आचार संहिता से पूर्व प्रक्रिया पूर्ण करने का निर्देश
आगामी बिहार विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए आचार संहिता लागू होने की संभावनाओं के मद्देनजर मुख्य अभियंता ने निर्देश दिया है कि डीपीआर की तैयारी, तकनीकी स्वीकृति तथा प्रशासनिक मंजूरी की प्रक्रिया अविलंब पूरी की जाए, ताकि निविदा प्रक्रिया समय रहते शुरू की जा सके।




