लखनऊ त्रासदी के बाद अब आगरा के कोचिंग सेंटर में लगी आग, सायरन बजते ही मची अफरा-तफरी, सुरक्षित बचाए गए सैकड़ों बच्चे

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हुए भीषण कोचिंग हादसे के बाद अब ताजनगरी आगरा से भी एक डराने वाली खबर सामने आई है। आगरा के न्यू आगरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत भगवान टॉकीज इलाके में संचालित आकाश इंस्टीट्यूट के बेसमेंट में अचानक आग लग गई। घटना के वक्त संस्थान के भीतर सैकड़ों की संख्या में छात्र मौजूद थे और पढ़ाई कर रहे थे। हालांकि, बेसमेंट में लगे सुरक्षा सायरन के समय पर बजने से एक बड़ा हादसा टल गया और सभी बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
शॉर्ट सर्किट की वजह से भड़की आग
शुरुआती जानकारी के अनुसार, कोचिंग संस्थान के बेसमेंट में लगे लाइट के एमएसपी (MSP) बॉक्स में अचानक शॉर्ट सर्किट हुआ, जिससे वहां आग भड़क उठी। जैसे ही धुआं फैला, संस्थान में लगा फायर सायरन तेजी से बजने लगा। अलार्म की आवाज सुनते ही छात्र-छात्राओं और स्टाफ में अफरा-तफरी मच गई और बच्चे तेजी से निकास द्वार की तरफ भागने लगे। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस बल मौके पर पहुंच गया और तुरंत स्थिति को नियंत्रण में लिया। गनीमत रही कि आग केवल बिजली के बोर्ड तक ही सीमित थी, जिसे वक्त रहते बुझा दिया गया।
प्रत्यक्षदर्शी छात्रा ने बयां किया आंखों देखा हाल
संस्थान में पढ़ने वाली बॉटनी की छात्रा पूनम ने इस खौफनाक मंजर की कहानी बयां की। पूनम ने बताया कि हमारी क्लास सामान्य रूप से चल रही थी कि अचानक कोचिंग का स्टाफ कमरे में आया। उन्होंने बेहद घबराए हुए लहजे में हम सभी से तुरंत बिल्डिंग से बाहर निकलने को कहा। शुरुआत में हमें समझ नहीं आया कि क्या हुआ है, लेकिन जैसे ही हम आपातकालीन निकास से नीचे उतरे, तब पता चला कि बेसमेंट में मौजूद बिजली के उपकरण में आग लग गई थी। स्टाफ की सूझबूझ से सभी बच्चे सुरक्षित हैं।
लखनऊ अग्निकांड में जा चुकी है 15 मासूमों की जान
आपको बता दें कि सोमवार को लखनऊ के अलीगंज में एक तीन मंजिला कोचिंग सेंटर की इमारत में भीषण आग लग गई थी। इस दर्दनाक हादसे में झुलसने और दम घुटने के कारण 15 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 9 अन्य लोग अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहे हैं। इस मामले में कार्रवाई करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर चार अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया है और मकान मालिकों सहित चार लोगों की गिरफ्तारी हुई है। मामले की गहराई से जांच के लिए एसआईटी (SIT) का गठन भी किया जा चुका है।
प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री ने घोषित किया मुआवजा
लखनऊ की इस दिल दहला देने वाली घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गहरा शोक व्यक्त किया है। केंद्र सरकार की ओर से मृतकों के परिवारों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से दो-दो लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया गया है। वहीं, राज्य सरकार की तरफ से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये और गंभीर रूप से घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है। इस बड़ी त्रासदी के तुरंत बाद आगरा में हुई इस घटना ने प्रदेश के कोचिंग सेंटरों में सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।



