वाल्मीकिनगर एयरपोर्ट विस्तार को लेकर एक्शन में प्रशासन, अपर समाहर्ता ने जमीन का जायजा लेकर रैयतों से की बात

बिहार के वाल्मीकिनगर हवाई अड्डे के विस्तार की महत्वाकांक्षी योजना को धरातल पर उतारने के लिए प्रशासनिक स्तर पर कवायद तेज हो गई है। इसी सिलसिले में अपर समाहर्ता राजीव रंजन सिन्हा ने अधिकारियों की टीम के साथ वाल्मीकिनगर का दौरा किया और एयरपोर्ट विस्तार के लिए प्रस्तावित भूमि का बारीकी से स्थल निरीक्षण किया। इस मौके पर उनके साथ राजस्व शाखा प्रभारी अहमद अली अंसारी भी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान अपर समाहर्ता ने हवाई पट्टी के दायरे में आने वाली चिन्हित भूमि का नक्शे के अनुसार जायजा लिया और वहां मौजूद अधिकारियों से वर्तमान स्थिति की पूरी जानकारी ली। उन्होंने भूमि अधिग्रहण की कानूनी प्रक्रियाओं और राजस्व से जुड़े विभिन्न तकनीकी पहलुओं की समीक्षा करते हुए संबंधित कर्मियों को जरूरी दिशा-निर्देश जारी किए।
इसके बाद अपर समाहर्ता ने स्थानीय अंचलाधिकारी (सीओ) और अन्य राजस्व पदाधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की। इस बैठक में एयरपोर्ट के विस्तार की राह में आ रही प्रशासनिक और राजस्व संबंधी अड़चनों को दूर करने पर चर्चा हुई। साथ ही, भूमि अधिग्रहण की अब तक की प्रगति और आगे की कार्ययोजना का खाका तैयार किया गया, ताकि काम को समय सीमा के भीतर गति दी जा सके।
इस दौरे की सबसे अहम कड़ी स्थानीय भू-स्वामियों (रैयतों) के साथ हुई बातचीत रही। प्रशासनिक अधिकारियों ने रैयतों के साथ संवाद स्थापित कर उन्हें इस हवाई अड्डा विस्तार परियोजना के महत्व और इससे क्षेत्र को होने वाले आर्थिक लाभों के बारे में विस्तार से समझाया। बैठक में आपसी सहमति के आधार पर सरकार द्वारा भूमि क्रय करने की नीति पर चर्चा की गई। प्रशासन ने रैयतों की समस्याओं और सुझावों को बेहद संवेदनशीलता से सुना और उन्हें आश्वस्त किया कि नियमानुसार उचित मुआवजा और पारदर्शी प्रक्रिया अपनाकर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।



